लाखों लड़कियों की ज़िंदगी बनाने वाली लेडी सिंघम और कराटे वुमेन के नाम से मशहूर किरण सेठी कोरोना काल के इस दौर में बेसहारा लोगों और बेज़ुबान जानवरों का भी सहारा बन गयी हैं। दिल्ली पुलिस में सब इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत किरण तालाबंदी में हर रोज़ करीब 20 से 21 घंटे की ड्यूटी कर रही हैं। रेड जोन में ड्यूटी के बाद बचे हुए वक़्त में यह मदद की सामग्री लेकर सड़कों पर निकल जाती हैं। 
 
किरण कहती हैं, “यह दौर बुरा है और हमें इससे निकलना है। यह देश हमारा परिवार है। हमें एक-दूसरे की मदद करनी चाहिए। ड्यूटी के दौरान मैने ऐसे लोगों को देखा और ख़ुद को रोक नहीं पायी। ड्यूटी ख़त्म होने के बाद मैं ऐसे लोगों को ज़रूरी चीज़े देने लगी।”लेडी सिंघम मास्क वितरण के साथ खाने-पीने की साम्रगी भी ज़रुरतमंदों तक पहुंचा रही हैं। वह कहती हैं कि, “किसी की मदद करना दान करने से बेहतर है और मैं ख़ुश हूं कि भगवान ने मुझे इतना सक्षम बनाया है।”

इसी बीच किरण ने जानवरों से अपनी दोस्ती का ज़िक्र करते कहा कि, “मेरी गली में एक बिल्ली रहती है जो सबके घरों में घूम-घूम कर खाती-पीती रहती थी। लेकिन लॉकडाउन की वजह से जब सब घरों में बंद हैं तो उसका लोगों के घर आना-जाना बंद हो गया। एक दिन मेरी नज़र उसपर गयी और खाना ना मिलने का असर उसपर दिख रहा था। मैं दूध लेकर गयी मुझे लगा शायद मुझे पास देखकर भाग जाएगी। लेकिन आज वह मेरी दोस्त है और सुबह-शाम अपने खाने के वक़्त घर आ जाती है।”

एक बार में 5000 छात्राओं को सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग देकर लिमका बुक ऑफ रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज करा चुकी यह काराटे वुमेन तालाबंदी से जूझ रहे बेज़ुबान जानवरों की भी बढ़-चढ़ कर मदद कर रही हैं। सड़कों पर घूमने वाले जानवरों को वह खाना खिला रही हैं। दिव्यांग छात्राओं को सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग अब वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिए ऑनलाइन दे रही हैं। वह कहती हैं कि ड्यूटी के साथ-साथ अपने स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना है। इसलिए संतुलन बनाए रखने के लिए मैं योग और प्राणायाम करती हूं। लोगों से अपील करते हुए कहती हैं कि, “सोशल डिस्टेंसिग का पालन करते हुए आप भी अपने आस-पास देखें औरजितना हो सके ज़रुरतमंदों की मदद करें।”